सेवा एवं समरसता के भाव से भारत विकास परिषद ने मनाई विवेकानंद जयंती
रायबरेली। भारत विकास परिषद, शाखा रायबरेली के तत्वावधान में स्वामी विवेकानंद जयंती के अवसर पर शहर के कृपलानी सरस्वती विद्या मंदिर में विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ भारत विकास परिषद द्वारा स्थापित स्वामी विवेकानंद की प्रतिमा पर परिषद सदस्यों द्वारा पुष्पांजलि अर्पित कर किया गया।
कार्यक्रम में परिषद के अध्यक्ष अरविंद श्रीवास्तव ने उपस्थित अतिथियों का स्वागत करते हुए युवाओं से कौशल विकास अभियान से जुड़कर आत्मनिर्भर बनने का आह्वान किया, उन्होंने कहा कि स्वामी विवेकानंद के विचार आज भी युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत हैं।
मुख्य अतिथि प्रख्यात कथावाचक स्वामी गोविन्द जी महाराज ने अपने संबोधन में कहा कि प्रत्येक युवा को स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित कर अनुशासन और आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ना चाहिए। इस मौके पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ विद्या भारती के क्षेत्रीय संगठन मंत्री हेमचंद विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने स्वामी विवेकानंद के जीवन दर्शन को अपनाने पर बल दिया। इस अवसर पर मकर संक्रांति उत्सव मनाते हुए समरसता भोज का आयोजन भी किया गया। कार्यक्रम के उपरांत समाज सेवा के अंतर्गत विभिन्न विद्यालयों में कार्यरत चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को न्यायाधीश राजेन्द्र नाथ की स्मृति में ठंड से बचाव हेतु कंबलों का वितरण भी किया गया। कार्यक्रम का संचालन परिषद के पूर्व अध्यक्ष राकेश कक्कड़ ने किया, जबकि परिषद के संरक्षक सुभाष चंद्र श्रीवास्तव ने उपस्थित अतिथियों एवं सहभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम में परिषद के पूर्व क्षेत्रीय संरक्षक डॉ. आर. बी. श्रीवास्तव, प्रांतीय उपाध्यक्ष नवल किशोर बाजपेई, सचिव अजय त्रिवेदी, पूर्व अध्यक्ष उमेश अग्रवाल, विजय सिंह, शाखा सेवा संयोजक राजा राम मौर्य, निशा सिंह, राकेश मिश्रा, वाणी पाण्डेय, नीरज गुप्ता, वी. के. अग्निहोत्री, दिवाकर द्विवेदी, विनोद दुबे, देवेंद्र श्रीवास्तव, बी. के. गर्ग, पवन श्रीवास्तव, नीरज श्रीवास्तव, शकुन प्रसाद पांडे, सुरेश चंद्र शुक्ला सहित बड़ी संख्या में परिषद सदस्य उपस्थित रहे।
