बिलाईगढ़।
नगर का प्रमुख बमबुरहा तालाब आज अपने अस्तित्व की लड़ाई लड़ रहा है। नगर पंचायत प्रशासन की लापरवाही के कारण तालाब की स्थिति दिनोंदिन बद से बदतर होती जा रही है। तालाब का पानी लगातार दूषित होता जा रहा है, जिससे वार्ड क्रमांक 9, 10, 11, 12 एवं 13 के लोगों को निस्तारी के लिए भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है नवरात्रि के बाद से अब तक तालाब की ओर किसी ने झांकने तक की ज़हमत नहीं उठाई है। सरोहर धरोहर योजना के अंतर्गत लाखों रुपये खर्च करने के बावजूद तालाब की हालत जस की तस बनी हुई है। तालाब चढ़ने के मुख्य रास्ते पर पिछले दो से तीन माह से रेत और गिट्टी के ढेर पड़े हुए हैं, जिससे लोगों का आवागमन बेहद कठिन हो गया है तालाब पार के सीसी रोड में जगह-जगह बड़ी-बड़ी दरारें पड़ गई हैं, जिससे स्थानीय लोगों का चलना-फिरना मुश्किल हो गया है। वहीं नहाने के लिए बनी पचरी में गणेश और दुर्गा विसर्जन के बाद का गाद और गंदगी जमा है। हनुमान जी की प्रतिमा के आसपास और पचरी क्षेत्र में खरपतवार उग आए हैं, जिससे पूरा क्षेत्र बदहाल नज़र आ रहा है वर्षों से तालाब की सफाई नहीं होने के कारण यह पूरा तालाब कमल फूलों और जलीय पौधों से ढका हुआ है। स्वच्छता पखवाड़ा के दौरान सिर्फ झाड़ू लेकर फोटो खिंचवाने की औपचारिकता निभाई गई, परंतु वास्तविक सफाई कार्य नहीं किया गया स्थानीय निवासियों ने नगर पंचायत से जल्द से जल्द तालाब की सफाई एवं मरम्मत कार्य शुरू करने की मांग की है, ताकि नगर का यह ऐतिहासिक तालाब पुनः अपनी पहचान और स्वच्छता प्राप्त कर सके।
